पंचकूला में अपहरण केस का खुलासा, बच्चा सुरक्षित
पंचकूला: पंचकूला पुलिस ने त्वरित कार्रवाई और सतर्कता का परिचय देते हुए नाबालिग बच्चे के अपहरण के मामले का चंद घंटों में खुलासा कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने अपहृत बच्चे को सकुशल बरामद कर उसके परिजनों के हवाले कर दिया है। आरोपी की पहचान रविन्द्र कुमार यादव के रूप में हुई है, जो राजस्थान के झुंझुनू जिले का रहने वाला है और दिल्ली पुलिस से बर्खास्त कर्मचारी बताया जा रहा है।
जानकारी के अनुसार 10 मई 2026 को तड़के करीब साढ़े तीन बजे डायल-112 पर एक ऑटो चालक ने सूचना दी कि माजरी चौक के पास एक सफेद रंग की हुंडई ऑरा कार में एक व्यक्ति 13-14 वर्षीय बच्चे को जबरदस्ती बैठाकर ले गया है। शिकायतकर्ता ने बताया कि बच्चे के विरोध और चिल्लाने पर आसपास मौजूद लोगों को शक हुआ, लेकिन आरोपी मौके से फरार हो गया।
सूचना मिलते ही पंचकूला पुलिस की ईआरवी-534 टीम ने कार्रवाई शुरू की। टीम में तैनात मुख्य सिपाही रामचन्द्र, एसपीओ राजेन्द्र सिंह और होमगार्ड असगर अली ने मुस्तैदी दिखाते हुए आरोपी को कुछ ही घंटों में रामगढ़ क्षेत्र से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने बच्चे को भी सकुशल बरामद कर लिया।
जांच के दौरान सामने आया कि आरोपी ने वारदात में इस्तेमाल की गई हुंडई ऑरा कार पर फर्जी नंबर प्लेट लगाई हुई थी। पुलिस जांच में वाहन का असली नंबर राजस्थान का निकला और कार जयपुर से चोरी की गई पाई गई। वाहन मालिक द्वारा जयपुर में चोरी का मामला पहले से दर्ज कराया गया था।
पुलिस के अनुसार आरोपी वर्ष 2010 में दिल्ली पुलिस में सिपाही के पद पर भर्ती हुआ था, लेकिन वर्ष 2023 में उसे विभाग से बर्खास्त कर दिया गया था। मामले की जांच सैक्टर-1 चौकी में तैनात एएसआई निर्मल कर रहे हैं।
एसीपी विक्रम नेहरा ने बताया कि आरोपी ने पूरी साजिश के तहत नकली नंबर प्लेट का इस्तेमाल किया था। वाहन से मिर्च स्प्रे सहित अन्य संदिग्ध सामान भी बरामद हुआ है, जिससे मामले में और खुलासे होने की संभावना है।
उन्होंने बताया कि अपहृत बच्चा पंजाब के एक परिवार से संबंधित है, जो वर्तमान में पंचकूला में रह रहा है। पुलिस ने आरोपी को अदालत में पेश कर तीन दिन के पुलिस रिमांड पर लिया है, ताकि मामले से जुड़े अन्य पहलुओं और संभावित आपराधिक गतिविधियों के बारे में गहन पूछताछ की जा सके।