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सड़क सुरक्षा को मजबूत करने और ट्रैफिक कर्मियों के स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से चंडीगढ़ ट्रैफिक पुलिस ने शुक्रवार को ट्रैफिक लाइंस, सेक्टर-29 में “ऑब्सट्रक्टिव स्लीप एपनिया का साइलेंट बर्डन” विषय पर एक विशेष कार्यशाला आयोजित की। यह कार्यशाला पीजीआईएमईआर चंडीगढ़ के ईएनटी विभाग की स्लीप लैब के इंचार्ज एवं प्रोफेसर डॉ. संदीप बंसल के समन्वय से आयोजित की गई। डॉ. बंसल इंडियन एसोसिएशन ऑफ सर्जन्स फॉर स्लीप एपनिया (ASSA) के अध्यक्ष भी हैं। कार्यशाला में 93 ड्राइवरों और ट्रैफिक पुलिस कर्मियों ने भाग लिया। इस दौरान डॉ. बंसल ने ऑब्सट्रक्टिव स्लीप एपनिया के कारण, इसके दुष्प्रभाव और इससे बचाव के उपायों पर विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि स्लीप एपनिया एक गंभीर लेकिन अक्सर नजरअंदाज की जाने वाली समस्या है, जो वाहन चालकों के लिए विशेष रूप से खतरनाक साबित हो सकती है। इससे नींद पूरी न होने, थकान, ध्यान में कमी और सड़क दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ जाता है। डॉ. बंसल ने प्रतिभागियों को पीजीआईएमईआर की हेल्पलाइन और ओपीडी सेवाओं की जानकारी भी दी, ताकि जरूरत पड़ने पर समय पर जांच और उपचार संभव हो सके। चंडीगढ़ ट्रैफिक पुलिस के अधिकारियों ने कहा कि इस तरह की कार्यशालाएं न केवल कर्मचारियों के स्वास्थ्य के लिए महत्वपूर्ण हैं, बल्कि सड़क सुरक्षा सुनिश्चित करने में भी अहम भूमिका निभाती हैं।