अजीत झा.
चंडीगढ़ 14 Jan । इस बार लोहड़ी के दिन चंडीगढ़ में ठंड ने बीते 13 वर्षों का रिकॉर्ड तोड़ दिया। 13 जनवरी को शहर में दर्ज न्यूनतम तापमान ने पिछले 13 साल में इस तारीख का सबसे निचला स्तर छू लिया। दिन के समय हल्की धूप के बावजूद सुबह और रात की ठिठुरन ने आम जनजीवन को प्रभावित किया।
मौसम विभाग के अनुसार मंगलवार को चंडीगढ़ का न्यूनतम तापमान 2.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जो सामान्य से 4 डिग्री से अधिक कम रहा। हैरान करने वाली बात यह रही कि राजधानी की रात पहाड़ी शहर शिमला से भी कहीं ज्यादा ठंडी रही। जहां शिमला में न्यूनतम तापमान 6.6 डिग्री दर्ज किया गया, वहीं चंडीगढ़ में तापमान उससे लगभग तीन गुना नीचे रहा।
सुबह तड़के शहर घने कोहरे और शीतलहर की चपेट में रहा। दिन चढ़ने के साथ हल्की धूप जरूर निकली, जिससे लोगों को कुछ राहत मिली, लेकिन शाम ढलते ही एक बार फिर ठंड का असर तेज हो गया और देर रात तक शहर कोहरे की चादर में लिपटा रहा।
दिन का अधिकतम तापमान 15.2 डिग्री सेल्सियस रहा, जो सामान्य से 3.2 डिग्री कम दर्ज किया गया। लगातार गिरते तापमान और ठंडी हवाओं के कारण सड़कों पर आवाजाही कम नजर आई।
मौसम विभाग ने बुधवार के लिए शीतलहर और कोहरे को लेकर ऑरेंज अलर्ट जारी किया है, जबकि अगले पांच दिनों तक येलो अलर्ट लागू रहेगा। विभाग ने लोगों को सुबह और देर रात सावधानी बरतने की सलाह दी है।
आगे बदल सकता है मौसम का मिजाज
मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक 16 जनवरी से पश्चिमी विक्षोभ (वेस्टर्न डिस्टर्बेंस) सक्रिय हो सकता है, जिसके चलते बादल छाने और कुछ क्षेत्रों में हल्की बारिश की संभावना है। 20 जनवरी के आसपास इसके प्रभाव के तेज होने की संभावना जताई गई है।