1.25 लाख रुपये उधार लेकर चुकाने में विफल, अदालत ने किया भगोड़ा घोषित
अजीत झा.
चंडीगढ़। चंडीगढ़ पुलिस के अपने ही मुलाजिम, सीनियर कॉन्स्टेबल विजय कुमार, को पकड़ने में नाकाम रही है। विजय लगभग एक साल से फरार हैं और जिला अदालत ने उन्हें चेक बाउंस मामले में भगोड़ा घोषित किया है।
सामने आई जानकारी के अनुसार, सेक्टर-38 निवासी रामयश ने दो साल पहले विजय के खिलाफ सवा लाख रुपये के चेक बाउंस के मामले में केस दर्ज कराया था। दोनों की पहले से अच्छी जान पहचान थी, और विजय ने जरूरत पड़ने पर रामयश से 1.25 लाख रुपये उधार लिए। बाद में चुकाने के लिए विजय ने एक चेक दिया, जो साइन मिसमैच के कारण बैंक में बाउंस हो गया।
बार-बार समन भेजने के बावजूद विजय अदालत में पेश नहीं हुए। अदालत ने उन्हें कुल 30 दिन का समय दिया, लेकिन 27 जनवरी 2025 को उन्हें भगोड़ा घोषित कर दिया गया।
विजय भगोड़ा होने के बावजूद ड्यूटी पर सक्रिय पाए जा रहे हैं, जिससे शिकायतकर्ता रामयश ने सीधे एसएसपी कंवरदीप कौर को शिकायत दर्ज करवाई। रामयश के वकील अभिनव गोयल ने बताया कि उन्होंने अब विजय के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के लिए आवेदन भी दिया है।
मामले में सवाल यह उठता है कि पुलिस कैसे अपने ही मुलाजिम को पकड़ने में विफल है और क्या अब भगोड़ा घोषित सीनियर कॉन्स्टेबल को न्यायालय की कार्रवाई के तहत जल्द ही गिरफ्तार किया जाएगा।