Asansol में स्वच्छता और व्यवस्था सुधार के लिए अभियान, अवैध होर्डिंग हटाने की तैयारी
पश्चिम बर्दवान: शहरी विकास और स्वच्छता को लेकर आयोजित समीक्षा बैठक में मंत्री अग्निमित्रा पाल ने स्पष्ट किया कि चुनाव समाप्त होने के बाद अब शहर में लगे सभी चुनावी होर्डिंग और बैनरों को हटाने के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा। उन्होंने कहा कि किसी भी प्रकार की अवैध होर्डिंग को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और शहर के सौंदर्यीकरण को प्राथमिकता दी जाएगी।
मंत्री ने पार्किंग व्यवस्था में सुधार पर जोर देते हुए कहा कि सभी पार्किंग संचालकों के लिए यूनिफॉर्म और पहचान पत्र अनिवार्य किए जाएंगे। साथ ही, प्रत्येक पार्किंग स्थल पर शुल्क दरों का स्पष्ट बोर्ड लगाना भी जरूरी होगा। उन्होंने निर्देश दिए कि पार्किंग से प्राप्त राजस्व को पारदर्शी तरीके से सरकारी खाते में जमा कराया जाए।
उन्होंने यह भी कहा कि सड़क किनारे विज्ञापनों और होर्डिंग से होने वाली आय के प्रबंधन को पारदर्शी बनाया जाएगा और इसके लिए विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित किया जाएगा।
सरकारी कार्यालयों में पारदर्शिता बढ़ाने के लिए बायोमेट्रिक उपस्थिति प्रणाली लागू करने पर भी जोर दिया गया। मंत्री ने कहा कि इससे कर्मचारियों की समयबद्ध उपस्थिति और कार्यप्रणाली सुनिश्चित होगी। इसके अलावा सफाई कर्मचारियों—स्थायी, संविदा और अस्थायी—के कार्यों को भी व्यवस्थित किया जाएगा।
स्वच्छता को लेकर मंत्री ने बताया कि केंद्र सरकार के निर्देशों के अनुसार शहर के व्यस्त इलाकों में प्रतिदिन दो बार सफाई कराई जाएगी। बाजार, बस स्टैंड और अन्य सार्वजनिक स्थलों पर अतिरिक्त सफाईकर्मी तैनात किए जाएंगे।
उन्होंने घोषणा की कि एक सितंबर से सिंगल यूज प्लास्टिक के उपयोग पर जुर्माना लगाया जाएगा। इसके विकल्प के रूप में कपड़े के थैले और अन्य पर्यावरण अनुकूल साधनों को बढ़ावा दिया जाएगा। मंत्री ने कहा कि प्लास्टिक का दुष्प्रभाव पर्यावरण के साथ-साथ पशुओं के जीवन पर भी पड़ता है, इसलिए इसके खिलाफ जनजागरण अभियान चलाया जाएगा।
बैठक में सार्वजनिक शौचालयों की संख्या बढ़ाने पर भी जोर दिया गया। जिन क्षेत्रों में शौचालयों की कमी है, वहां नागरिक आवेदन कर सकते हैं। बाजारों, बस स्टैंड, पर्यटन स्थलों, मंदिरों और पार्कों में आधुनिक सुविधाओं से युक्त शौचालय बनाए जाएंगे।
धार्मिक स्थलों पर उपयोग होने वाले फूलों के पुनर्चक्रण की योजना का भी जिक्र किया गया। मंत्री ने बताया कि मंदिरों में उपयोग होने वाले फूलों से अगरबत्ती और अन्य उत्पाद तैयार किए जाएंगे, जिससे 15 से अधिक महिलाओं को रोजगार मिलने की संभावना है।
अंत में, अन्नपूर्णा योजना की प्रगति की समीक्षा करते हुए मंत्री ने बताया कि 27 मई से आवेदन प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। अब तक जिले में लगभग एक लाख आवेदन प्राप्त हुए हैं। कई लाभार्थियों को राशि भेजी जा चुकी है, जबकि कुछ मामलों में बैंक विवरण की त्रुटियों के कारण भुगतान लंबित है। उन्होंने लोगों से अपील की कि योजना के लिए अनावश्यक भीड़ न लगाएं, क्योंकि आवेदन प्रक्रिया तीन महीने तक जारी रहेगी।