ddos for hiredstatdstat l4주소모음스포츠중계토토사이트여기여주소모음스포츠중계토토사이트배팅의민족여기여bulk Ahrefs DR checker스포츠중계뉴토끼토토사이트누누티비블랙툰토토커뮤니티주소모음ipstresserip stressercasibomcasibomjojobetjojobet
दो चरणों में होगी जनगणना-2027 : डॉ. नवजोत खोसा, आईएएस, निदेशक जनगणना - Uturn Time
Uturn Time
Breaking
Chandigarh: चंडीगढ़ में जुटेंगे ब्रिक्स देशों के स्वास्थ्य दिग्गज, 22 से 24 जुलाई तक होगा अंतरराष्ट्रीय हेल्थ सम्मेलन New Delhi: पाकिस्तान को भारत का स्पष्ट जवाब, 'आतंक और सिंधु जल संधि साथ-साथ नहीं चल सकते' New Delhi: दिल्ली रूट पर रेल संचालन बाधित, मालगाड़ी हादसे के बाद कई ट्रेनों का शेड्यूल बदला Indore: नशामुक्त भारत का बुलंद संदेश, इंदौर में हजारों लोगों ने एक साथ बनाईं मानव श्रृंखला Ludhiana: लैब में बंद कर छात्र को पीटने का आरोप, तबीयत बिगड़ी तो अस्पताल में कराया भर्ती Phagwara: एलएडीसी नीति के विरोध में फगवाड़ा बार की हड़ताल 14वें दिन भी जारी, आंदोलन तेज करने की चेतावनी Chandigarh: दिल्ली में कांग्रेस की शक्ति परीक्षा, क्या एक मंच पर आएंगे राजा वड़िंग और चन्नी गुट? New Delhi: छात्र आंदोलन पर सियासत तेज, आप ने कहा- दमन से नहीं थमेगा विरोध, सरकार करे संवाद Chandigarh: दिव्यांग बच्चों की शिक्षा को मिलेगा नया आधार, सरकार ने 1093 विशेष शिक्षक पदों को दी मंजूरी सुबह-सुबह 8 से 10 गाड़ियों में पहुंची सेंट्रल जीएसटी की टीमें, सुधीर फोर्जिंग में दस्तावेजों की जांच शुरू Chandigarh: हरियाणा में आयुष सेवाओं को मिलेगा विस्तार, हिसार आयुष अस्पताल अगस्त 2026 तक होगा शुरू Shimla: हिमाचल कैबिनेट का बड़ा फैसला, 5,600 से अधिक पदों पर होगी भर्ती; आशा वर्करों और शिक्षकों को भी राहत
Logo
Uturn Time
24 अप्रैल 2026 को डॉ. नवजोत खोसा, आईएएस, निदेशक, जनगणना संचालन निदेशालय, पंजाब एवं यूटी चंडीगढ़ और श्री मनजीत सिंह बराड़, आईएएस, प्रशासनिक सचिव, स्थानीय निकाय विभाग, पंजाब द्वारा संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस की गई। इसमें मीडिया को जनगणना 2027 के पहले चरण (हाउस लिस्टिंग और आवासीय जनगणना) के बारे में संक्षिप्त जानकारी दी गई और स्वयं-गणना की शुरुआत पर विशेष जोर दिया गया। भारत में जनगणना, जनगणना अधिनियम 1948 और जनगणना नियम 1990 के तहत की जाती है। जनगणना 2027 देश की 16वीं और स्वतंत्रता के बाद 8वीं जनगणना होगी। पिछली जनगणना 2011 में हुई थी, जबकि 2021 की जनगणना कोविड-19 महामारी के कारण स्थगित कर दी गई थी। इस दौरान बताया गया कि जनगणना डेटा सामाजिक, आर्थिक और जनसंख्या से जुड़ी जानकारी का एक महत्वपूर्ण स्रोत होता है, जो विकास योजनाओं, कल्याणकारी योजनाओं और सार्वजनिक सेवाओं को मजबूत बनाने में अहम भूमिका निभाता है। जनगणना 2027 दो चरणों में आयोजित की जाएगी। पहले चरण में 30 अप्रैल 2026 से 14 मई 2026 तक स्वयं-गणना होगी, जबकि 15 मई से 13 जून 2026 तक घर-घर जाकर गणना की जाएगी। दूसरे चरण में 9 फरवरी से 28 फरवरी 2027 तक जनसंख्या गणना की जाएगी। पहला चरण आवास, सुविधाओं और संपत्तियों से संबंधित जानकारी पर केंद्रित होगा, जो दूसरे चरण के लिए आधार तैयार करेगा। डॉ. नवजोत खोसा ने बताया कि जनगणना 2027 पहली बार डिजिटल माध्यम से मोबाइल एप्लीकेशन के जरिए की जाएगी। इसके साथ ही ऑनलाइन पोर्टल (https://se.census.gov.in⁠) के माध्यम से स्वयं-गणना की सुविधा भी उपलब्ध होगी। लोग निर्धारित समय में अपने विवरण भरकर एक यूनिक सेल्फ-एन्यूमरेशन रेफरेंस आईडी प्राप्त कर सकेंगे, जिसे फील्ड वेरिफिकेशन के दौरान गणनाकार को दिखाना होगा। उन्होंने बताया कि जनगणना प्रबंधन और निगरानी प्रणाली के जरिए रियल-टाइम मॉनिटरिंग की जाएगी और हाउस लिस्टिंग ब्लॉकों के निर्माण के लिए वेब-आधारित मैपिंग का उपयोग किया गया है। राज्य नोडल अधिकारी श्री मनजीत सिंह बराड़ ने बताया कि इस प्रक्रिया के लिए व्यापक प्रशासनिक तैयारियां की गई हैं। पूरे राज्य में हाउस लिस्टिंग ब्लॉक बनाए गए हैं और लगभग 67,000 गणनाकारों और सुपरवाइजरों (रिजर्व सहित) की नियुक्ति की गई है। उन्होंने बताया कि जनगणना कर्मियों को चरणबद्ध तरीके से प्रशिक्षित किया गया है। पंजाब में 52 मास्टर ट्रेनर (36 राज्य से और 16 डीसीओ पंजाब से) और 932 फील्ड ट्रेनरों को प्रशिक्षित किया जा चुका है। 16 अप्रैल से 9 मई 2026 तक राज्य भर में विभिन्न स्थानों पर गणनाकारों और सुपरवाइजरों को प्रशिक्षण दिया जा रहा है, ताकि प्रक्रिया सुचारू रूप से पूरी की जा सके। मीडिया की भूमिका पर जोर देते हुए कहा गया कि मीडिया लोकतंत्र का एक महत्वपूर्ण स्तंभ है। इसे जागरूकता फैलाने, जनभागीदारी बढ़ाने और खासकर डिजिटल जनगणना व डेटा गोपनीयता से जुड़ी गलत जानकारी का मुकाबला करने में सक्रिय भूमिका निभानी चाहिए। लोगों से अपील की गई कि वे जनगणना में सक्रिय भाग लें, सही जानकारी दें और गणनाकारों को पूरा सहयोग प्रदान करें। यह भी स्पष्ट किया गया कि एकत्र की गई सभी जानकारी पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी और केवल सांख्यिकीय उद्देश्यों के लिए ही उपयोग की जाएगी। उल्लेखनीय है कि जनगणना 2027 के लिए राष्ट्रीय टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर (1855) 30 अप्रैल 2026 से पंजाब में चालू होगा, जो स्वयं-गणना और हाउस लिस्टिंग से जुड़े सवालों के जवाब देने के साथ-साथ लोगों की शिकायतों का समाधान भी करेगा।