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पंजाब/ यूटर्न/4 अप्रैल। पंजाब से आप के राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा इन दिनों सुर्खियों में हैं। उनकी ही पार्टी ने उन्हें राज्यसभा के उपनेता पद से हटाने और बोलने का समय सीमित करने का फैसला लिया है। इसके बाद राघव चड्ढा ने एक वीडियो जारी कर पार्टी पर ही सवाल खड़े किए और जनहित के मुद्दों को लेकर नाराज़गी जाहिर की। उन्होंने चेतावनी भरे अंदाज़ में कहा कि वे “दरिया” हैं, जो सैलाब बनकर भी आ सकते हैं। गौरतलब है कि 2022 के पंजाब विधानसभा चुनाव के दौरान राघव चड्ढा पार्टी का प्रमुख चेहरा थे। चुनाव प्रचार से लेकर सरकार बनने के बाद तक उनकी भूमिका बेहद अहम रही। विरोधी दल यह तक कहते थे कि पंजाब की मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व वाली सरकार “रिमोट कंट्रोल” से चलाई जा रही है। राघव चड्ढा की शादी भी दिल्ली के कपूरथला हाउस में हुई थी, जिसमें राज्य सरकार की सक्रिय भागीदारी देखने को मिली थी। उस समय पार्टी ने विपक्ष की आलोचनाओं को ज्यादा महत्व नहीं दिया था। हालांकि चार साल बाद हालात पूरी तरह बदल गए हैं। अब पार्टी के भीतर ही उनके खिलाफ बयानबाजी हो रही है। इस पूरे विवाद की असली वजह पर अभी तक न तो राघव चड्ढा और न ही पार्टी की ओर से कोई स्पष्ट बयान सामने आया है, लेकिन मौजूदा घटनाक्रम राजनीतिक तनाव के संकेत जरूर दे रहा है।