Uturn Time
Breaking
Amritsar: ऑपरेशन ब्लू स्टार की याद में Akal Takht में धार्मिक कार्यक्रम शुरू, संगत में भावुक माहौल Chandigarh: बेअंत सिंह हत्याकांड के दोषी हवारा ने मांगी राहत, मां की देखभाल के लिए पैरोल की मांग Hisar: मेजर अमित कुमार ने किया हिसार का नाम रोशन, उत्कृष्ट प्रदर्शन पर मिला सम्मान Hisar: रिश्वतखोरी पर एसीबी का शिकंजा, हिसार में दो पटवारी सहित तीन गिरफ्तार Chandigarh: हरियाणा एसीबी की नई पहल, मोबाइल एप के जरिए भ्रष्टाचार पर लगेगा अंकुश New Delhi: मालवीय नगर अग्निकांड के बाद प्रशासन सक्रिय, पीड़ितों को आर्थिक सहायता देने का निर्णय, मृतकों के परिवारों को 10 लाख New Delhi: ईडी की बड़ी कार्रवाई से हड़कंप, सलीम डोला सिंडिकेट के 21 ठिकानों पर छापेमारी Ludhiana: बिट्टू गुंबर गौसेवा के लिए पूरी तरह समर्पित हैं: दर्शन लाल बवेजा Ludhiana: राजा वडिंग के नेतृत्व में 2027 चुनावों के लिए कांग्रेस पूरी तरह सक्रिय: विपन अरोड़ा Sonipat: उपायुक्त नेहा से मिले पीएम केयर्स योजना के बच्चे, उज्जवल भविष्य को लेकर हुई बातचीत Rewari: हरियाणा में पेयजल व्यवस्था को लेकर सरकार सख्त, रणबीर गंगवा बोले- अधिकारियों की लापरवाही नहीं चलेगी New Delhi: मालवीय नगर अग्निकांड पर मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता सख्त, अधिकारियों के साथ शुक्रवार को होगी समीक्षा बैठक
Logo
Uturn Time
पंजाब/ यूटर्न/19 मार्च। पंजाब सरकार ने एसिड अटैक पीड़ितों के लिए वित्तीय सुरक्षा और सामाजिक सम्मान सुनिश्चित करने के उद्देश्य से एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में, सामाजिक सुरक्षा, महिला एवं बाल विकास मंत्री डॉ. बलजीत कौर ने बताया कि पिछले वर्ष से चल रही योजना को अब जेंडर-न्यूट्रल बनाया गया है। इसका मतलब यह है कि अब केवल महिलाएं ही नहीं, बल्कि पुरुष और ट्रांसजेंडर पीड़ित भी इस योजना का लाभ उठा सकेंगे। डॉ. बलजीत कौर ने बताया कि योजना के तहत मासिक वित्तीय सहायता को 8,000 रुपये से बढ़ाकर 10,000 रुपये कर दिया गया है, जो पीड़ितों के जीवन-यापन और पुनर्वास में मददगार साबित होगी। उन्होंने कहा कि यह पहल केवल आर्थिक सहायता तक सीमित नहीं है, बल्कि पीड़ितों के सम्मान, आत्मविश्वास और समाज में पुनर्स्थापना का एक महत्वपूर्ण कदम है। मंत्री ने बताया कि पंजाब सरकार हर हिंसा पीड़ित के साथ खड़ी है और उनका उद्देश्य एक ऐसा समाज बनाना है, जहां सभी पीड़ित समानता, सुरक्षा और सम्मान के साथ जीवन जी सकें। उन्होंने यह भी कहा कि एसिड हमले शारीरिक के साथ-साथ गहरी मानसिक और भावनात्मक पीड़ा छोड़ते हैं। इस योजना के माध्यम से सरकार पीड़ितों को यह भरोसा दिलाती है कि वे अकेले नहीं हैं और उनका जीवन फिर से सम्मान, आशा और आत्मविश्वास से भर सकता है।