हरियाणा/ यूटर्न/ 18 मार्च। हरियाणा विधानसभा में बजट सत्र के अंतिम दिन चर्चा के बाद पांच महत्वपूर्ण विधेयक पारित किए गए। इनमें हरियाणा विनियोग (संख्या 2) विधेयक, 2026, हरियाणा पुलिस (संशोधन) विधेयक, 2026, हरियाणा राजकोषीय उत्तरदायित्व तथा बजट प्रबंधन (संशोधन) विधेयक, 2026, हरियाणा नगरीय क्षेत्र विकास तथा विनियमन (संशोधन) विधेयक, 2026 और हरियाणा परियोजना भूमि समेकन (विशेष उपबंध) संशोधन विधेयक, 2026 शामिल हैं। इनमें से हरियाणा विनियोग (संख्या 2) विधेयक, 2026 के तहत वित्त वर्ष 2026-27 (जो 31 मार्च 2027 को समाप्त होगा) के दौरान राज्य की संचित निधि से 2,79,602 करोड़ रुपये से अधिक की राशि के व्यय को अधिकृत किया गया है। वहीं हरियाणा पुलिस अधिनियम, 2007 में संशोधन के लिए पारित विधेयक का उद्देश्य पुलिस शिकायत प्राधिकरण की कार्यप्रणाली को अधिक प्रभावी बनाना है। वर्तमान में अधिनियम की धारा 65 और 68-ग में कुछ महत्वपूर्ण स्थितियों—जैसे कि भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 की धारा 193 के तहत दर्ज मामलों—के संबंध में स्पष्ट प्रावधान नहीं हैं। इसके अलावा, राष्ट्रीय और राज्य आयोगों के समक्ष लंबित मामलों तथा पुलिस कर्मियों के खिलाफ गंभीर कदाचार की जांच में भी स्पष्ट दिशा-निर्देशों की कमी थी। साथ ही, राज्य पुलिस शिकायत प्राधिकरण द्वारा शिकायतों के निपटान के लिए कोई समय-सीमा निर्धारित नहीं थी। इन्हीं कमियों को दूर करने के लिए संशोधन के माध्यम से नए प्रावधान जोड़े गए हैं, ताकि राज्य और जिला स्तर पर पुलिस शिकायत प्राधिकरण का संचालन अधिक पारदर्शी, प्रभावी और समयबद्ध हो सके।