ddos for hiredstatdstat l4주소모음스포츠중계토토사이트여기여주소모음스포츠중계토토사이트배팅의민족여기여bulk Ahrefs DR checker스포츠중계뉴토끼토토사이트누누티비여기여토토커뮤니티주소모음ipstresserip stressercasibomcasibomjojobetjojobet
सड़क हादसों पर लगाम की पहल: पंजाब में राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह–2026 की शुरुआत - Uturn Time
Uturn Time
Breaking
Chandigarh: चंडीगढ़ में जुटेंगे ब्रिक्स देशों के स्वास्थ्य दिग्गज, 22 से 24 जुलाई तक होगा अंतरराष्ट्रीय हेल्थ सम्मेलन New Delhi: पाकिस्तान को भारत का स्पष्ट जवाब, 'आतंक और सिंधु जल संधि साथ-साथ नहीं चल सकते' New Delhi: दिल्ली रूट पर रेल संचालन बाधित, मालगाड़ी हादसे के बाद कई ट्रेनों का शेड्यूल बदला Indore: नशामुक्त भारत का बुलंद संदेश, इंदौर में हजारों लोगों ने एक साथ बनाईं मानव श्रृंखला Ludhiana: लैब में बंद कर छात्र को पीटने का आरोप, तबीयत बिगड़ी तो अस्पताल में कराया भर्ती Phagwara: एलएडीसी नीति के विरोध में फगवाड़ा बार की हड़ताल 14वें दिन भी जारी, आंदोलन तेज करने की चेतावनी Chandigarh: दिल्ली में कांग्रेस की शक्ति परीक्षा, क्या एक मंच पर आएंगे राजा वड़िंग और चन्नी गुट? New Delhi: छात्र आंदोलन पर सियासत तेज, आप ने कहा- दमन से नहीं थमेगा विरोध, सरकार करे संवाद Chandigarh: दिव्यांग बच्चों की शिक्षा को मिलेगा नया आधार, सरकार ने 1093 विशेष शिक्षक पदों को दी मंजूरी सुबह-सुबह 8 से 10 गाड़ियों में पहुंची सेंट्रल जीएसटी की टीमें, सुधीर फोर्जिंग में दस्तावेजों की जांच शुरू Chandigarh: हरियाणा में आयुष सेवाओं को मिलेगा विस्तार, हिसार आयुष अस्पताल अगस्त 2026 तक होगा शुरू Shimla: हिमाचल कैबिनेट का बड़ा फैसला, 5,600 से अधिक पदों पर होगी भर्ती; आशा वर्करों और शिक्षकों को भी राहत
Logo
Uturn Time
परिवहन मंत्री लालजीत सिंह भुल्लर ने जनवरी 2026 में महीने भर चलने वाले अभियान का किया उद्घाटन चंडीगढ़, 1 जनवरी: पंजाब सरकार द्वारा राज्य में सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने और आम लोगों में सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह–2026 की शुरुआत की गई है। आज यहां किसान भवन में आयोजित उद्घाटन समारोह को संबोधित करते हुए पंजाब के परिवहन मंत्री लालजीत सिंह भुल्लर ने कहा कि सड़क दुर्घटनाएं केवल आंकड़ों तक सीमित नहीं होतीं, बल्कि ये अनेक परिवारों के जीवन को प्रभावित करती हैं और बहुमूल्य मानव जीवन की क्षति से जुड़ी होती हैं। उन्होंने कहा कि सड़क सुरक्षा केवल सरकार की ही नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक नागरिक की साझा जिम्मेदारी है। जब तक सरकार, प्रशासन और आम जनता मिलकर कार्य नहीं करते, तब तक सड़क दुर्घटनाओं में कमी संभव नहीं है। परिवहन मंत्री ने बताया कि राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह–2026 (एनआरएसएम-26) के दौरान पंजाब भर में व्यापक और बहुआयामी जागरूकता अभियान चलाए जाएंगे। इसके अंतर्गत स्कूलों और कॉलेजों में विद्यार्थियों के लिए सड़क सुरक्षा संबंधी सेमिनार, पोस्टर एवं स्लोगन प्रतियोगिताएं, क्विज़ कार्यक्रम और इंटरएक्टिव सत्र आयोजित किए जाएंगे, ताकि युवाओं को कम उम्र से ही ट्रैफिक नियमों के महत्व के प्रति जागरूक किया जा सके। कैबिनेट मंत्री ने बताया कि सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए व्यावसायिक और निजी ड्राइवरों हेतु विशेष प्रशिक्षण सत्र, भारी वाहनों के चालकों के लिए रिफ्रेशर कोर्स तथा ट्रैफिक नियमों का सख्ती से पालन सुनिश्चित करने के लिए विशेष अभियान चलाए जाएंगे। उन्होंने कहा कि हेलमेट और सीट बेल्ट के अनिवार्य उपयोग, मोबाइल फोन का प्रयोग कर वाहन चलाने, तेज रफ्तार और गलत दिशा में वाहन चलाने के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी। परिवहन मंत्री ने बताया कि नशे की हालत में ड्राइविंग सड़क दुर्घटनाओं का एक प्रमुख कारण है। इसे ध्यान में रखते हुए एनआरएसएम-26 के दौरान राज्य भर में विशेष नाकाबंदी और चेकिंग अभियान चलाए जाएंगे। इसके साथ ही, पिछले वर्षों के आंकड़ों के आधार पर चिन्हित ब्लैक स्पॉट्स पर इंजीनियरिंग सुधार, संकेतक चिन्ह (साइनेज), स्पीड साइन बोर्ड आदि की व्यवस्था की जाएगी। मंत्री ने सभी संबंधित विभागों, जिला प्रशासन, शैक्षणिक संस्थानों, गैर-सरकारी संगठनों, औद्योगिक इकाइयों और आम जनता से अपील की कि वे राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह–2026 की सफलता के लिए सक्रिय भूमिका निभाएं। उन्होंने निर्देश दिए कि सड़क सुरक्षा से संबंधित सभी निर्धारित गतिविधियों को समयबद्ध, प्रभावी और जमीनी स्तर पर लागू करना सुनिश्चित किया जाए तथा विभागों के बीच आपसी समन्वय को और सुदृढ़ किया जाए। परिवहन मंत्री ने दोहराया कि सड़क सुरक्षा एक साझा जिम्मेदारी है और यह केवल ट्रैफिक पुलिस या परिवहन विभाग तक सीमित नहीं है। उन्होंने जनता में सुरक्षित सड़क व्यवहार विकसित करने के लिए जागरूकता अभियानों को और तेज करने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने यह भी कहा कि मुख्यमंत्री पंजाब स. भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में सड़क सुरक्षा फोर्स की स्थापना के बाद राज्य और राष्ट्रीय राजमार्गों—दोनों पर मौतों में उल्लेखनीय कमी दर्ज की गई है। इसके अतिरिक्त, उन्होंने आम जनता को धुंध के मौसम में अनावश्यक यात्रा से बचने और कम दृश्यता की स्थिति में अत्यंत सावधानी और संयम से यात्रा करने की सलाह दी। लीड एजेंसी (रोड सेफ्टी), पंजाब द्वारा परिवहन विभाग, ट्रैफिक पुलिस, स्वास्थ्य विभाग, लोक निर्माण विभाग, शिक्षा विभाग और अन्य संबंधित विभागों के सहयोग से महीने भर चलने वाली गतिविधियों की एक विस्तृत कार्ययोजना तैयार की गई है, ताकि सड़क सुरक्षा का संदेश समाज के हर वर्ग तक प्रभावी ढंग से पहुंच सके। कार्यक्रम के दौरान श्री आर. वेंकट रतनम, महानिदेशक, लीड एजेंसी ऑन रोड सेफ्टी, पंजाब ने बताया कि प्रत्येक जिला सड़क सुरक्षा समिति (डीआरएससी) को सीएफडीएल योजना के तहत प्रति जिला 9.50 लाख रुपये की वित्तीय सहायता प्रदान की गई है। इसमें से 1 लाख रुपये शराब पीकर वाहन चलाने के खिलाफ प्रवर्तन को मजबूत करने हेतु एल्कोमीटर खरीदने के लिए निर्धारित किए गए हैं, विशेष रूप से व्यावसायिक और विशेष श्रेणी के ड्राइवरों की जांच के लिए। उन्होंने यह भी बताया कि धुंध के मौसम में सड़क दुर्घटनाओं के बढ़े हुए खतरे को ध्यान में रखते हुए, सड़क स्वामित्व वाले विभागों को स्ट्रीट लाइटों की स्थापना/मरम्मत, रोड मार्किंग और अन्य ट्रैफिक सुरक्षा उपायों के लिए तत्काल आधार पर अनुदान का उपयोग करने की अनुमति दी गई है। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह के दौरान की जाने वाली गतिविधियों की विस्तृत सूची 9 दिसंबर 2025 और 30 दिसंबर 2025 को हुई बैठकों में अंतिम रूप दी जा चुकी है और इसे सभी संबंधित विभागों, उपायुक्तों, पुलिस आयुक्तों और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षकों को क्रियान्वयन हेतु भेज दिया गया है। पुलिस महानिदेशक (ट्रैफिक) अमरदीप सिंह राय ने ट्रैफिक उल्लंघनों के प्रति ज़ीरो टॉलरेंस के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए सख्त प्रवर्तन के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने राज्य में सड़क सुरक्षा फोर्स (एसएसएफ) की स्थापना से हुए महत्वपूर्ण सकारात्मक प्रभावों की जानकारी दी, जो वर्तमान में प्रतिदिन लगभग 4,000 किलोमीटर राष्ट्रीय और राज्य मार्गों की निगरानी कर रही है। उन्होंने बताया कि एसएसएफ की शुरुआत के बाद इन मार्गों पर मौतों में लगभग 50 प्रतिशत की कमी आई है, जिससे पंजाब में सड़क दुर्घटनाओं से होने वाली कुल मौतों में बड़ी गिरावट की उम्मीद है। उन्होंने यह भी कहा कि राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह के दौरान विशेष प्रवर्तन अभियान शराब पीकर वाहन चलाने, ओवर-स्पीडिंग, लेन अनुशासन और अन्य गंभीर उल्लंघनों पर केंद्रित रहेंगे। राज्य परिवहन आयुक्त परनीत शेरगिल ने इस मौके पर बताया कि ड्राइविंग लाइसेंस जारी करने की प्रणाली को पूरी तरह सुधार दिया गया है, जिससे परीक्षण प्रक्रिया अधिक सख्त और पारदर्शी बनी है। इसके परिणामस्वरूप राज्य भर में ड्राइविंग लाइसेंस पास दर में उल्लेखनीय कमी आई है और ड्राइविंग मानकों में सुधार सुनिश्चित हुआ है। इसी दौरान जागरूकता गतिविधियों के तहत एस.ए.एस. नगर (मोहाली) में बेस्टेक मॉल के निकट लगभग 200 डिलीवरी कर्मियों (जोमैटो, स्विगी, ब्लिंकिट आदि) की एक मोटरसाइकिल रैली आयोजित की गई। इस अवसर पर प्रतिभागियों को सड़क सुरक्षा संदेशों वाले हेलमेट, टी-शर्ट और टोपी वितरित की गईं। यह मोटरसाइकिल रैली श्री आर. वेंकट रतनम, महानिदेशक, लीड एजेंसी ऑन रोड सेफ्टी, पंजाब और श्री अमरदीप सिंह राय, डीजीपी (ट्रैफिक), पंजाब द्वारा हरी झंडी दिखाकर रवाना की गई, जिससे उच्च जोखिम वाले सड़क उपयोगकर्ताओं में सड़क सुरक्षा जागरूकता बढ़ाने के प्रति राज्य की प्रतिबद्धता को बल मिला। इस अवसर पर महानिदेशक रोड सेफ्टी आर. वेंकट रतनम, डीजीपी ट्रैफिक पंजाब ए.एस. राय, राज्य परिवहन आयुक्त परनीत शेरगिल, पंजाब राज्य सड़क सुरक्षा परिषद के सदस्य, विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी, ट्रैफिक पुलिस के अधिकारी, सड़क सुरक्षा से जुड़ी संस्थाओं के प्रतिनिधि, शैक्षणिक संस्थानों के प्रमुख, समाजसेवी संगठनों के सदस्य तथा अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।