अजीत झा.
चंडीगढ़। रंगों के त्योहार होली पर शहर में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस ने व्यापक इंतजाम किए। सुबह से ही प्रमुख चौक-चौराहों और संवेदनशील इलाकों में नाके लगाकर चेकिंग की गई। हुड़दंग और ट्रैफिक उल्लंघन रोकने के लिए पुलिस की टीमें लगातार गश्त करती रहीं।
सेक्टर-15 और सुखना लेक पर सख्ती
सेक्टर-15 मार्केट और पंजाब यूनिवर्सिटी के आसपास बड़ी संख्या में युवाओं के जुटने की सूचना पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर भीड़ को तितर-बितर किया। स्थिति नियंत्रण में रखने के लिए हल्का बल प्रयोग भी किया गया।
इसी तरह सुखना लेक पर रंग और अन्य सामान ले जाने पर रोक के बावजूद भीड़ जुटने लगी, जिसे बाद में हटा दिया गया। पुलिस के अनुसार किसी अप्रिय घटना की सूचना नहीं है।
एसएसपी ने संभाली कमान
कंवरदीप कौर स्वयं फील्ड में रहीं और अलग-अलग नाकों पर पहुंचकर ड्यूटी में तैनात कर्मियों का उत्साहवर्धन किया। अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश थे कि त्योहार का माहौल बना रहे, लेकिन कानून-व्यवस्था से समझौता न हो।
डीएवी कॉलेज में छात्राओं का धरना
उधर, फेज-10 स्थित डीएवी कॉलेज में छात्राओं ने परिसर में धरना दिया। उनका आरोप था कि हॉस्टल से बाहर जाकर होली मनाने की अनुमति नहीं दी गई और गेट बंद कर दिए गए।
कॉलेज प्रबंधन का कहना है कि सुबह 8 से 12 बजे तक परिसर में ही होली खेलने की अनुमति थी, सुरक्षा कारणों से उसके बाद बाहर जाने पर रोक लगाई गई। सूचना मिलने पर पुलिस भी मौके पर पहुंची और स्थिति सामान्य कराई।
मोहाली, डेराबस्सी और खरड़ में भी हलचल
मोहाली में भी नाकाबंदी के बावजूद कई स्थानों पर युवाओं की भीड़ देखी गई। ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करने वालों के चालान किए गए। डेराबस्सी में दो पक्षों के बीच झड़प में कुर्सियां चलने की घटना सामने आई, जबकि खरड़ में रंग डालने को लेकर विवाद हुआ, जिसे बाद में सुलझा लिया गया।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि त्योहार शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए अतिरिक्त बल तैनात किया गया था और दिनभर हालात पर नजर रखी गई।