चंडीगढ़ : भारतीय जनता पार्टी चंडीगढ़ प्रदेश कार्यालय कमलम, सेक्टर 33 में आज शक्ति केंद्र प्रमुखों का एक विशाल एवं ऐतिहासिक सम्मेलन आयोजित किया गया। सम्मेलन का मुख्य उद्देश्य आगामी दिसंबर 2026 में होने वाले नगर निगम चुनाव को लेकर संगठनात्मक तैयारियों को अंतिम रूप देना तथा कार्यकर्ताओं में जोश, ऊर्जा और चुनावी संकल्प का संचार करना रहा। इस सम्मेलन में 35 मंडलों के 192 शक्ति केंद्र प्रमुखों की गरिमामयी उपस्थिति ने यह स्पष्ट कर दिया कि भारतीय जनता पार्टी ने नगर निगम चुनाव के लिए पूरी मजबूती के साथ बिगुल बजा दिया है।
सम्मेलन को प्रदेश अध्यक्ष जितेंद्र पाल मल्होत्रा, संगठन महामंत्री (चंडीगढ़ एवं पंजाब) श्रीनिवासलु तथा प्रदेश महामंत्री रामवीर भट्टी ने संबोधित किया। कार्यक्रम के इंचार्ज प्रदेश महामंत्री संजीव राणा ने मंच संचालन करते हुए सम्मेलन को सुव्यवस्थित रूप से आगे बढ़ाया और संगठन की आगामी रणनीति पर विस्तार से प्रकाश डाला।
प्रदेश अध्यक्ष जितेंद्र पाल मल्होत्रा ने अपने संबोधन में कहा कि नगर निगम चुनाव केवल सत्ता परिवर्तन का अवसर नहीं, बल्कि शहर के समग्र विकास की दिशा तय करने का महत्वपूर्ण समय है। उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी विकास, पारदर्शिता और जनसेवा के संकल्प के साथ चुनाव मैदान में उतरेगी। उन्होंने शक्ति केंद्र प्रमुखों से आह्वान किया कि वे बूथ स्तर तक संगठन को सशक्त करें, प्रत्येक मतदाता तक पहुंच बनाएं और जनकल्याणकारी योजनाओं को घर-घर तक पहुंचाएं। उन्होंने कहा कि संगठन की मजबूती ही चुनावी विजय की आधारशिला है।
संगठन महामंत्री श्रीनिवासलु ने कहा कि शक्ति केंद्र संगठन की रीढ़ है। यदि शक्ति केंद्र मजबूत होगा तो बूथ स्वतः सशक्त होगा। उन्होंने अनुशासन, निरंतर जनसंपर्क और सक्रिय सहभागिता को चुनावी सफलता की कुंजी बताया। उन्होंने सभी शक्ति केंद्र प्रमुखों को अपने-अपने क्षेत्रों में नियमित संवाद और संगठन विस्तार पर ध्यान देने का आह्वान किया।
प्रदेश महामंत्री रामवीर भट्टी ने अपने संबोधन में माइक्रो मैनेजमेंट की रणनीति पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि प्रत्येक शक्ति केंद्र प्रमुख अपने क्षेत्र की मतदाता सूची का सूक्ष्म अध्ययन करें, नए मतदाताओं से संपर्क स्थापित करें तथा बूथ स्तर पर सशक्त टीम का निर्माण करें। उन्होंने कहा कि पार्टी की नीतियों और उपलब्धियों को प्रभावी ढंग से जनता तक पहुंचाना प्रत्येक कार्यकर्ता का दायित्व है।
कार्यक्रम के इंचार्ज एवं प्रदेश महामंत्री संजीव राणा ने भी संगठनात्मक विषयों पर अपने विचार व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि संगठन की मजबूती सामूहिक प्रयासों से ही संभव है और प्रत्येक पदाधिकारी को अपनी जिम्मेदारी का पूर्ण निर्वहन करना चाहिए। उन्होंने शक्ति केंद्र प्रमुखों से आह्वान किया कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में नियमित संवाद, समीक्षा बैठकें और कार्यकर्ताओं के साथ समन्वय बनाए रखें। उन्होंने कहा कि एकजुटता, अनुशासन और निरंतर सक्रियता ही आगामी निगम चुनाव में सफलता का मार्ग प्रशस्त करेगी।
सम्मेलन के अंत में 35 मंडलों के 192 शक्ति केंद्र प्रमुखों ने एकजुट होकर आगामी निगम चुनाव में पूर्ण समर्पण के साथ कार्य करने का संकल्प लिया।