लुधियाना 14 Feb । लंबे इंतजार के बाद हलवारा एयरपोर्ट से व्यावसायिक उड़ानें शुरू होने की दिशा में बड़ी प्रगति हुई है। एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया (AAI) को एयर फोर्स से हलवारा एयरबेस से सिविल फ्लाइट संचालन की औपचारिक क्लीयरेंस मिल चुकी है। साथ ही AAI की स्लॉट को-ऑर्डिनेशन-एलोकेशन कमेटी ने एयर इंडिया को दो स्लॉट आवंटित कर दिए हैं। अधिकारियों के अनुसार संचालन से जुड़ी अधिकांश औपचारिकताएं पूरी कर ली गई हैं।
उड़ान का समय और रूट
पहले स्लॉट में सुबह 7:00 बजे हलवारा में लैंडिंग और 7:40 बजे टेकऑफ की अनुमति मिली है। दूसरे स्लॉट में दोपहर 3:00 बजे लैंडिंग और 3:40 बजे टेकऑफ प्रस्तावित है। शुरुआती चरण में लुधियाना-दिल्ली के बीच रोजाना दो उड़ानें प्रत्येक दिशा में संचालित होंगी। दिल्ली से लुधियाना का सफर लगभग 1 घंटा 20 मिनट का रहेगा। संभावित किराया 2,800 से 3,500 रुपये के बीच हो सकता है, हालांकि टिकट दरें अभी घोषित नहीं हुई हैं। यात्रियों को उड़ान से कम से कम दो घंटे पहले एयरपोर्ट पहुंचना होगा।
एयर इंडिया की तैयारियां
एयर इंडिया ने टर्मिनल बिल्डिंग में कार्यालय स्थापित करने के लिए AAI से जगह मांगी है। हाल ही में एयरलाइन अधिकारियों ने टर्मिनल का दौरा कर दफ्तर की जगह फाइनल की। हालांकि टिकट बुकिंग अभी शुरू नहीं हुई है। मार्च 2026 से उड़ानें शुरू होने की संभावना जताई जा रही है, पर 1 मार्च की समयसीमा को लेकर अभी संशय बना हुआ है।
आर्थिक प्रभाव और सुविधाएं
लंबे रनवे के कारण एयरबस A-321 और बोइंग-737 जैसे बड़े विमान उतर सकेंगे। एयरपोर्ट CAT-II और ILS सिस्टम से लैस है, जिससे घने कोहरे में भी सुरक्षित टेकऑफ-लैंडिंग संभव होगी। उद्योग नगरी लुधियाना के होजरी, साइकिल और ऑटो-पार्ट्स सेक्टर को सीधी कनेक्टिविटी से बड़ा प्रोत्साहन मिलेगा। दूसरे चरण में कार्गो सेवाएं शुरू होने की योजना है, जिससे निर्यात को बढ़ावा मिलेगा।
विशेषज्ञों का मानना है कि हलवारा एयरपोर्ट मालवा क्षेत्र—मोगा, बरनाला, बठिंडा और फिरोजपुर—के यात्रियों के लिए गेमचेंजर साबित होगा, जिससे समय और खर्च दोनों की बचत होगी।