20–25 हजार पर्यटक पहुंचे; रातभर सड़कों, पार्किंग और खुले में भटकते दिखे वाहन व यात्री
नैनीताल (Narendra Singh Danu) : सप्ताहांत पर नैनीताल में पर्यटकों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी, जिससे शहर में अव्यवस्थाएं चरम पर पहुंच गईं। अनुमान के अनुसार शनिवार और रविवार को करीब 20 से 25 हजार सैलानी यहां पहुंचे। सीमित संसाधनों वाली इस पहाड़ी नगरी में होटल, पार्किंग और यातायात व्यवस्था पूरी तरह दबाव में दिखी।
शनिवार रात स्थिति यह रही कि बड़ी संख्या में पर्यटकों को होटल में कमरे नहीं मिले या बजट से बाहर होने के कारण उन्हें खुले में रात बितानी पड़ी। कई पर्यटक तल्लीताल डांठ, मल्लीताल रिक्शा स्टैंड और अन्य सार्वजनिक स्थानों पर चादर बिछाकर या बेंचों पर सोते नजर आए।
शहर में पार्किंग की भारी कमी के चलते हालात और बिगड़ गए। देर रात करीब 2 बजे तक पर्यटक वाहन पार्किंग की तलाश में एक स्थान से दूसरे स्थान तक घूमते रहे। कई वाहनों को माल रोड, मल्लीताल स्टेट बैंक के सामने और अन्य जगहों पर खड़ा कर यात्रियों को वहीं रात गुजारनी पड़ी।
पर्यटकों ने आरोप लगाया कि कुछ होटलों ने पहले से बुकिंग होने के बावजूद कमरे उपलब्ध नहीं कराए या एक दिन रुकने के बाद किराया बढ़ा दिया, जिससे उन्हें मजबूरी में कमरा छोड़ना पड़ा।
जानकारी के अनुसार, शुक्रवार को ही शहर में 10 हजार से अधिक पर्यटक पहुंच चुके थे और 70 प्रतिशत से अधिक होटल व होमस्टे पहले ही फुल हो गए थे। शनिवार देर रात तक करीब 15 हजार और पर्यटक पहुंचे, जिससे दबाव और बढ़ गया।
पर्यटन का यह भारी दबाव इसलिए भी रहा क्योंकि नीट जैसी परीक्षाओं के बाद छुट्टियों का दौर समाप्त हो रहा है और यह सप्ताहांत ग्रीष्मकालीन सीजन का अंतिम बड़ा भीड़ वाला माना जा रहा है।
इसी बीच काठगोदाम, हल्द्वानी बाइपास, रूसी बाइपास, भवाली और भीमताल मार्गों पर भी लंबा जाम लगा रहा। रविवार को भी नैनीताल में पर्यटकों की भीड़ बनी रही। बारिश के बावजूद नैनी झील में नौकायन और अन्य पर्यटन स्थलों पर गतिविधियां जारी रहीं, जिससे शहर में पूरे दिन रौनक बनी रही।