Uturn Time
Breaking
पंजाब में किसानों का रेल रोको आंदोलन टला, किसान नेता पंधेर बोले- 3 दिन का समय दिया भगवंत मान सरकार कर्मचारियों की जायज़ मांगों को बिना किसी देरी के हल करने के लिए वचनबद्ध: हरपाल सिंह चीमा गैंगस्टरां ते वार का 86वां दिन: पंजाब पुलिस द्वारा 566 स्थानों पर छापेमारी; 238 गिरफ्तार आई.एस.आई. समर्थित सीमा पार के आतंकी मॉड्यूल का भंडाफोड़; चार हैंड ग्रेनेड और दो पिस्तौल सहित एक व्यक्ति अमृतसर से गिरफ्तार विजिलेंस ब्यूरो द्वारा 6,000 रुपये रिश्वत लेते प्रिंसिपल को रंगे हाथों काबू किया गया ऐतिहासिक नगर बटाला के विकास को बड़ा बढ़ावा, मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान द्वारा 177 करोड़ रुपये की परियोजनाओं की घोषणा विजिलेंस ब्यूरो ने कानूनगो को 33,000 रुपये रिश्वत लेने के आरोप में किया गिरफ्तार विजिलेंस ब्यूरो द्वारा 15,000 रुपये रिश्वत लेते पटवारी को रंगे हाथों काबू किया गया पंजाब पुलिस, आई.आई.टी. रोपड़ के साथ मिलकर एआई-आधारित अपराध नियंत्रण प्रणाली को मजबूत करेगी वृद्धावस्था पेंशन के लिए 352 करोड़ रुपये से अधिक राशि जारी, बुजुर्गों की आर्थिक सुरक्षा हुई मजबूत : डॉ. बलजीत कौर लुधियाना में ED की बड़ी कार्रवाई, मंत्री संजीव अरोड़ा व फिन्डोक एमडी हेमंत सूद के ठिकानों पर छापेमारी कुंदन विद्या मंदिर के छात्र गाव्य जैन ने 95.4% अंक किए हासिल
Logo
Uturn Time
पंजाब विजिलेंस ब्यूरो ने राज्य में भ्रष्टाचार के खिलाफ जारी अपनी मुहिम के दौरान कैंप खालसा सीनियर सेकेंडरी स्कूल, अजीतसर मोही, जिला लुधियाना (सरकारी सहायता प्राप्त) में तैनात प्रिंसिपल गुरमीत सिंह को 6,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों काबू किया है।
पंजाब विजिलेंस ब्यूरो ने राज्य में भ्रष्टाचार के खिलाफ जारी अपनी मुहिम के दौरान कैंप खालसा सीनियर सेकेंडरी स्कूल, अजीतसर मोही, जिला लुधियाना (सरकारी सहायता प्राप्त) में तैनात प्रिंसिपल गुरमीत सिंह को 6,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों काबू किया है। इस संबंध में जानकारी देते हुए राज्य विजिलेंस ब्यूरो के सरकारी प्रवक्ता ने बताया कि उक्त आरोपी को गांव मोहित, जिला लुधियाना के एक निवासी द्वारा दर्ज करवाई गई शिकायत के आधार पर गिरफ्तार किया गया है। उन्होंने बताया कि शिकायतकर्ता ने कोविड काल के दौरान 10वीं कक्षा पास की थी, लेकिन उसे अभी तक 10वीं का पासिंग सर्टिफिकेट प्राप्त नहीं हुआ था। उसने डुप्लीकेट सर्टिफिकेट के लिए भी ऑनलाइन आवेदन किया था, परंतु वह भी उसे नहीं मिला। इसके बाद वह अपना मैट्रिक सर्टिफिकेट लेने के लिए अपने स्कूल के प्रिंसिपल के पास गया। इस दौरान आरोपी प्रिंसिपल ने उससे 15,800 रुपये रिश्वत की मांग की और मौके पर ही उससे 10,000 रुपये रिश्वत के रूप में ले भी लिए। उल्लेखनीय है कि डुप्लीकेट सर्टिफिकेट प्राप्त करने के लिए सरकारी फीस 900 रुपये तथा तत्काल फीस 2,000 रुपये है। रिश्वत देने के लिए तैयार न होने पर शिकायतकर्ता ने विजिलेंस ब्यूरो लुधियाना से संपर्क किया। शिकायत की प्रारंभिक जांच के बाद विजिलेंस टीम ने जाल बिछाया और दो सरकारी गवाहों की मौजूदगी में आरोपी प्रिंसिपल को 6,000 रुपये की रिश्वत लेते समय रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। इस संबंध में आरोपी के खिलाफ विजिलेंस ब्यूरो के पुलिस थाना लुधियाना में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है और आगे की जांच जारी है।