निवासियों का आरोप है कि सहमति रद्द होने और विभागों को लिखित सूचना देने के बावजूद नई कॉलोनी को मंजूरी दे दी गई। बिल्डर ने आवासीय प्लॉटों को प्रवेश मार्ग बनाने और सीवरेज व्यवस्था पर अतिरिक्त दबाव पड़ने की आशंका जताई, जबकि नगर परिषद ने दस्तावेजों की जांच के बाद ही टिप्पणी करने की बात कही।
जीरकपुर: गुरुनानक एन्क्लेव के बीच से नई विकसित हो रही कॉलोनी को रास्ता दिए जाने के विरोध में रविवार को स्थानीय निवासियों ने रोष प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने प्रशासनिक अधिकारियों के खिलाफ नारेबाजी करते हुए आरोप लगाया कि कॉलोनीवासियों की ओर से पहले दी गई सहमति वापस लिए जाने के बावजूद कथित मिलीभगत से नई कॉलोनी को लाइसेंस जारी कर दिया गया। लोगों ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है।
कॉलोनी निवासी प्रकाश, मुनीश कुमार, बलराम पंडित, अमित शर्मा, अमनदीप सिंह, विनोद शर्मा, राजीव भाटिया, एनएस शर्मा, सुभाष लखड़ा, अमित सिंह, संदीप त्यागी, अमित वर्मा, दीपक राणा और हरप्रीत सिंह ने बताया कि गुरुनानक एन्क्लेव के पीछे करीब दो एकड़ जमीन स्थित है, जिसे कोई सीधा रास्ता नहीं लगता।
निवासियों के अनुसार वर्ष 2024 में जमीन मालिक को गुरुनानक एन्क्लेव के रास्ते का इस्तेमाल करने के लिए सहमति पत्र दिया गया था। इसके बदले सोसायटी को 11 लाख रुपये और 100 गज का प्लॉट देने की बात तय हुई थी। फरवरी 2024 में 11 लाख रुपये सोसायटी के बैंक खाते में जमा भी करवाए गए।
हालांकि, कॉलोनीवासियों के विरोध के बाद अप्रैल 2024 में सामूहिक बैठक कर सहमति वापस लेने का निर्णय लिया गया। सोसायटी ने 11 लाख रुपये जमीन मालिक को लौटा दिए और संबंधित विभागों को लिखित सूचना देकर स्पष्ट कर दिया कि गुरुनानक एन्क्लेव के रास्ते को आधार बनाकर किसी दूसरी कॉलोनी को मंजूरी न दी जाए।
सहमति रद्द, फिर भी अक्टूबर 2025 में लाइसेंस देने का दावा
निवासियों ने आरोप लगाया कि उनकी आपत्ति और सहमति वापसी की सूचना के बावजूद अक्टूबर 2025 में नई कॉलोनी को लाइसेंस जारी कर दिया गया। कुछ समय पहले जमीन मालिक ने बिना जानकारी दिए दोबारा सोसायटी के खाते में राशि भेजी, जिसे फिर वापस कर दिया गया। लोगों का कहना है कि उन्हें लाइसेंस जारी होने की जानकारी हाल ही में मिली।
प्रदर्शनकारियों ने कहा कि वे किसी भी स्थिति में गुरुनानक एन्क्लेव के भीतर से नई कॉलोनी को रास्ता नहीं देने देंगे। यदि उनकी आपत्तियों को दरकिनार कर कोई कार्रवाई की गई तो वे कानूनी और लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन तेज करेंगे।
आवासीय प्लॉटों को रास्ते के रूप में इस्तेमाल करने का आरोप
गुरुनानक एन्क्लेव के बिल्डर कुलदीप राय ने कहा कि कॉलोनी के दो प्लॉट आवासीय निर्माण के लिए बेचे गए थे और उनके नक्शे भी स्वीकृत हैं। आरोप है कि अब इन्हीं प्लॉटों को नई कॉलोनी के प्रवेश मार्ग के रूप में इस्तेमाल किया जा रहा है, जबकि इसके लिए उनसे कोई अनुमति या सहमति नहीं ली गई।
उन्होंने कहा कि नई कॉलोनी का यातायात गुरुनानक एन्क्लेव से गुजरने पर आंतरिक सड़कों पर अतिरिक्त दबाव पड़ेगा। इसके अलावा नई कॉलोनी का सीवरेज मौजूदा सीवर लाइन से जोड़ने पर पहले से दबाव झेल रही व्यवस्था में ओवरफ्लो की समस्या और गंभीर हो सकती है।
नई कॉलोनी के मालिक रमन कुमार ने संपर्क करने पर बताया कि वह शहर से बाहर हैं और लौटने के बाद अपना पक्ष रखेंगे। नगर परिषद के कार्यकारी अधिकारी परविंदर भट्टी ने कहा कि दस्तावेजों की जांच के बाद ही मामले पर टिप्पणी की जा सकेगी।