पुनीत महाजन
चंडीगढ़ 26 जनवरी :
पंजाब एड्स कंट्रोल कर्मचारी कल्याण संघ ने लंबित मांगों की अनदेखी के विरोध में पंजाब सरकार के खिलाफ राज्यव्यापी आंदोलन शुरू करने की घोषणा की है। यह निर्णय पंजाब स्टेट एड्स कंट्रोल सोसाइटी (PSACS) मुख्यालय के कर्मचारियों, राज्य व जिला स्तर के पदाधिकारियों तथा वरिष्ठ सदस्यों की उपस्थिति में आयोजित बैठक में सर्वसम्मति से लिया गया।
संघ के प्रदेश अध्यक्ष जसमेल सिंह दियोल ने बताया कि आंदोलन चरणबद्ध तरीके से चलाया जाएगा। पहले चरण के तहत 29 जनवरी को राज्यभर में एचआईवी/एड्स से जुड़ी सेवाओं—जिनमें दवा वितरण, जांच, परामर्श, ओपिओइड सब्स्टीट्यूशन थैरेपी, यौन संचारित रोगों का उपचार तथा ब्लड सेंटर सेवाएं शामिल हैं—को दो घंटे के लिए स्थगित कर संबंधित संस्थानों में शांतिपूर्ण प्रदर्शन किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि इसके बाद सभी प्रकार की नियमित रिपोर्टिंग बंद कर दी जाएगी तथा सरकार द्वारा आयोजित कार्यक्रमों का बहिष्कार किया जाएगा। यदि इसके बावजूद मांगों पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई, तो 15 फरवरी को राज्यभर के कर्मचारी पटियाला में स्वास्थ्य मंत्री डॉ. बलबीर सिंह के निजी आवास का घेराव करने को विवश होंगे।
दियोल ने आरोप लगाया कि सरकार के साथ पचास से अधिक बैठकों और बार-बार दिए गए आश्वासनों के बावजूद चुनाव से पहले किए गए वादों—विशेषकर 20 प्रतिशत वेतन वृद्धि—को अब तक लागू नहीं किया गया है। उन्होंने यह भी कहा कि कई विभागीय प्रस्ताव स्वास्थ्य सचिव द्वारा सरकार को भेजे जाने के बावजूद लंबित पड़े हैं।
संघ के महासचिव गुरजंत सिंह ने कहा कि यह आंदोलन सरकार द्वारा कर्मचारियों से किए गए वादों के उल्लंघन के विरोध में शुरू किया गया है और मांगें पूरी होने तक जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों ने लगभग चार वर्षों तक धैर्यपूर्वक प्रतीक्षा की, लेकिन अब परिस्थितियां असहनीय हो चुकी हैं।
बैठक में उपस्थित जिला पदाधिकारियों, वरिष्ठ नेताओं और PSACS मुख्यालय कर्मचारियों ने आंदोलन को अंतिम परिणाम तक ले जाने का संकल्प लिया।