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सफदरजंग अस्पताल का चौथा हेल्थ बुलेटिन जारी, एम्स के विशेषज्ञ भी उपचार टीम में शामिल
नई दिल्ली (Naren Danu) पिछले कई दिनों से भूख हड़ताल पर रहे सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक की हालत फिलहाल नियंत्रण में है, लेकिन चिकित्सकों ने उन्हें अभी अस्पताल से छुट्टी देने के संकेत नहीं दिए हैं। रविवार को जारी मेडिकल बुलेटिन में बताया गया कि उनकी सेहत स्थिर है, हालांकि लंबे उपवास के कारण शरीर पर पड़े प्रभाव की लगातार निगरानी की जा रही है। सफदरजंग अस्पताल के अनुसार वांगचुक की देखरेख केवल एक विभाग नहीं, बल्कि विशेषज्ञों की संयुक्त मेडिकल टीम कर रही है। वीएमएमसी और सफदरजंग अस्पताल के डॉक्टरों के साथ एम्स, नई दिल्ली के विशेषज्ञ भी उपचार और स्वास्थ्य मूल्यांकन में शामिल हैं। अस्पताल प्रशासन का कहना है कि फिलहाल उनके रक्तचाप, नाड़ी, ऑक्सीजन स्तर समेत सभी प्रमुख शारीरिक संकेतक सामान्य सीमा में हैं। इसके बावजूद रक्त परीक्षण की कुछ रिपोर्टों में हल्के बदलाव दर्ज किए गए हैं, जिन पर चिकित्सक लगातार नजर रखे हुए हैं। डॉक्टरों के मुताबिक, लंबे समय तक भोजन नहीं लेने से शरीर में कई तरह की चिकित्सकीय जटिलताएं अचानक सामने आ सकती हैं। इसी कारण वांगचुक को अस्पताल में भर्ती रखकर 24 घंटे मेडिकल ऑब्जर्वेशन में रखा गया है। उनकी नियमित क्लीनिकल जांच, ब्लड पैरामीटर की समीक्षा और आवश्यक उपचार लगातार जारी हैं। अस्पताल ने स्पष्ट किया है कि फिलहाल उनकी स्थिति स्थिर है, लेकिन चिकित्सा टीम किसी भी संभावित जोखिम से बचने के लिए हर पहलू पर नजर बनाए हुए है। डॉक्टरों का मानना है कि स्वास्थ्य में होने वाले छोटे से छोटे बदलाव का भी तुरंत आकलन कर आवश्यक उपचार उपलब्ध कराया जाएगा।