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10 अगस्त को मिड डे मील वर्कर्स अपनी मांगों को लेकर भरेंगे जेल
पानीपत (निर्मल सिंह विर्क) : सीटू जिला कार्यालय गीता कॉलोनी पानीपत में मिड डे मील वर्कर्स यूनियन जिला कमेटी की तरफ से संयुक्त प्रेस अभियान जारी करते हुए सीटू राज्य सचिव सुनील दत्त, मिड डे मील वर्कर्स यूनियन की जिला प्रधान निर्मल अहलावत ने हरियाणा के शिक्षा मंत्री के गैर जिम्मेदार आना व्यवहार की कड़े शब्दों में निंदा करते हुए कहा कि पिछले लगभग 2 वर्षों से मिड डे मील वर्कर्स अपनी मांगों को लेकर बार-बार शिक्षा मंत्री का दरवाजा खटखटा रही है। लगातार विरोध प्रदर्शन जारी है लेकिन आश्वासन के बाद भी मिड डे मील वर्कर्स की मांगों पर आज तक कोई भी बातचीत करके राहत प्रदान नहीं की गई। *उन्होंने कहा कि पिछले वर्ष 3 अगस्त 2025 को हजारों की संख्या में पूरे हरियाणा से मिड डे मील वर्कर्स ने शिक्षा मंत्री के पानीपत आवास का घेराव किया और जिसके चलते उन्होंने आश्वासन दिया कि जल्दी यूनियन के प्रतिनिधि मंडल को बातचीत के लिए बुलाया जाएगा लेकिन मई 2026 बीत गया लेकिन कोई बातचीत नहीं की गई। फिर दोबारा यूनियन ने शिक्षा मंत्री के आवास का 5 जून को घेराव करने के लिए लिखित नोटिस दिया गया। *शिक्षा मंत्री ने राज्यव्यापी घेराव को देखते हुए बातचीत के लिए 9 जून 2026 का समय दिया और कहा कि प्रत्येक 10:00 बजे चंडीगढ़ सचिवालय के अंदर यूनियन के प्रतिनिधिमंडल से बातचीत की जाएगी। जिसके चलते मिड डे मील वर्कर्स यूनियन कि राज्य कमेटी ने सकारात्मक रूक अपनाते हुए 5 जून के कार्यक्रम को स्थगित कर दिया। शिक्षा मंत्री के निमंत्रण के अनुसार प्रतिनिधिमंडल सुबह 9:00 बजे चंडीगढ़ पहुंच शिक्षा मंत्री के कार्यालय से बैठक में सम्मिलित होने के लिए पास जारी किए गए, जब प्रतिनिधि मंडल चंडीगढ़ सचिवालय शिक्षा मंत्री के कार्यालय में पहुंचा, वहां शिक्षा मंत्री नहीं मिले और सूचना मिली वह तो दो दिन बाहर मीटिंग में व्यस्त हैं और ऑफिस नहीं आएंगे। *इतने बड़े महत्वपूर्ण पद पर बैठे व्यक्ति को इस तरह का व्यवहार बिल्कुल शोभा नहीं देता अगर बैठक नहीं करनी थी तो पहले ही सूचना दे देते हरियाणा बरसे महिलाएं वहां पर आई। शिक्षा मंत्री के इस व्यवहार के खिलाफ 10 जून को रोहतक के अंदर राज्य स्तरीय कार्यकर्ता सम्मेलन बुलाकर आगामी आंदोलन की घोषणा की गई जिसमें महिला विरोधी भाजपा सरकार और उसके शिक्षा मंत्री के खिलाफ विरोध स्वरूप पूरे राज्य के अंदर सभी जिलों पर शवयात्रा निकलते हुए पुतला दहन करने का निर्णय लिया। शिक्षा मंत्री को चेतावनी देते हुए कहा अगर अभी भी कुछ शर्म बची है तो तुरंत महिलाओं का सम्मान करते हुए यूनियन के प्रतिनिधिमंडल से बात करते हुए उनकी मांगों का समाधान करें और बातचीत के लिए लिखित पत्र यूनियन के प्रतिनिधि मंडल को दें। *यूनियन ने आगामी आंदोलन की घोषणा करते हुए कहा कि शिक्षा मंत्री के इस व्यवहार की कड़े शब्दों में निंदा करते हैं। आगामी 4 अगस्त को मिड डे मील वर्कर्स अपनी मांगों को लेकर हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी के कुरुक्षेत्र आवास कार्यालय का राज्यव्यापी हड़ताल करते हुए दिन-रात का पड़ाव डाला जाएगा और उसके बाद 10 अगस्त को मिड डे मील की 28000 आशा वर्कर अपनी मांगों को लेकर जेल भरो आंदोलन करेंगी। *मजदूर आंदोलन के बाद बढ़ती महंगाई को देखते हुए हरियाणा सरकार में 1 अप्रैल 2026 से जो न्यूनतम वेतन में बढ़ोतरी की है उसके अनुसार मिड डे मील वर्कर्स के मासिक मानदेय में भी बढ़ोतरी की जाए कम से कम हरियाणा सरकार का न्यूनतम वेतन 15220 रुपए तुरंत लागू किये जाएं। वर्तमान समय में मात्र ₹7000 मासिक मजदूरी में काम लिया जाता है। यह महिलाओं का आर्थिक मानसिक शोषण है। इसके खिलाफ आंदोलन जारी रहेगा। *सीटू राज्य सचिव सुनील दत्त, अखिल भारतीय किसान सभा के जिला प्रधान डॉक्टर सुरेंद्र मलिक ने मिड डे मील वर्कर्स कि सभी कानून सम्मत मांगों का समर्थन करते हुए कहा कि सरकार तानाशाही पूर्ण रवैया के छोड़े और तुरंत यूनियन के प्रतिनिधिमंडल से बात करके उनकी मांगों का समाधान किया जाए।