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सरकार के आश्वासन के बाद हड़ताल खत्म
पानीपत: Haryana में चल रही सफाई कर्मियों की हड़ताल समाप्त हो गई है। सरकार और कर्मचारियों के बीच हुई बातचीत के बाद कई मांगों पर सहमति बनने के साथ आंदोलन वापस ले लिया गया। सूत्रों के अनुसार, वार्ता में वेतन, नियमितीकरण और अन्य सेवा संबंधी मुद्दों पर चर्चा हुई, जिसके बाद सरकार ने कुछ प्रमुख मांगों को स्वीकार किया है। हड़ताल खत्म होने के बाद अब शहरों में सफाई व्यवस्था को सामान्य करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है और नगर निकायों को स्थिति जल्द से जल्द सुधारने के निर्देश दिए गए हैं। करीब एक माह से चल रही सफाई कर्मचारियों की हड़ताल शनिवार को खत्म हो गई। Haryana में ग्रामीण सफाई कर्मचारियों की एक महीने से चल रही हड़ताल देर रात हुई अहम बैठक के बाद समाप्त हो गई। सरकार और कर्मचारी संगठनों के बीच कई घंटों चली वार्ता में 18 में से 17 मांगों पर सहमति बन गई, जिसके बाद यूनियन ने हड़ताल वापस लेने का ऐलान किया। बैठक में सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्री कृष्ण बेदी, विकास एवं पंचायत मंत्री कृष्ण लाल पंवार और वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे। अधिकारियों ने मांगों के वित्तीय और कानूनी पहलुओं पर तुरंत निर्णय लिया। सरकारी सूत्रों के अनुसार, कर्मचारियों की प्रमुख मांगों में न्यूनतम वेतन लागू करना, भत्तों में बढ़ोतरी, ड्रेस भत्ता, धुलाई भत्ता और उपकरण भत्ते में सुधार शामिल है। इसके अलावा प्रति 400 जनसंख्या पर एक सफाई कर्मचारी की नियुक्ति पर भी सहमति बनी है, जिससे रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। एक्स-ग्रेशिया पॉलिसी के तहत ड्यूटी के दौरान मृत्यु पर ₹50 लाख मुआवजा और आश्रित को नौकरी देने का प्रावधान भी शामिल किया गया है। सामान्य मृत्यु की स्थिति में भी आश्रित को नौकरी देने पर सहमति बनी है। सेवानिवृत्ति पर ₹10 लाख की एकमुश्त राशि और ग्रेच्युटी का लाभ देने का फैसला भी लिया गया है। हालांकि, कच्चे सफाई कर्मचारियों के स्थायीकरण की मांग को हाईकोर्ट में मामला विचाराधीन होने के कारण फिलहाल लंबित रखा गया है। सरकार ने कहा है कि इस पर कानूनी समीक्षा के बाद आगे निर्णय लिया जाएगा। हड़ताल खत्म होने के बाद अब पूरे प्रदेश में सफाई व्यवस्था को सामान्य करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही पूरे राज्य में सफाई व्यवस्था पूर्ववत कर दी जाएगी, जिससे आम जनता को राहत मिलेगी।