चंडीगढ़ 13 Jan । सेक्टर-15 में बार-बार सीवर जाम की समस्या ने अब सियासी और प्रशासनिक स्तर पर हलचल तेज कर दी है। क्षेत्र से लगातार मिल रही शिकायतों के बाद वार्ड नंबर-12 से पार्षद सौरभ जोशी ने नगर निगम चंडीगढ़ के पब्लिक हेल्थ विभाग के अधिकारियों के साथ औचक निरीक्षण कर हालात का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान पार्षद का रुख सख्त नजर आया और उन्होंने लापरवाही को लेकर अधिकारियों को मौके पर ही आड़े हाथों लिया।पार्षद सौरभ जोशी ने सेक्टर-15 की आवासीय गलियों, बाजार क्षेत्र, चीप हाउसेज़, धोबी घाट और आंतरिक सर्विस लेनों के पीछे बनी सीवर लाइनों का निरीक्षण किया। इस दौरान कई जगहों पर पुरानी संरचनात्मक खामियां, ओवरफ्लो की आशंका और फील्ड स्तर पर निगरानी की कमी सामने आई।
“दफ्तर नहीं, फील्ड में दिखना होगा”
निरीक्षण के दौरान पार्षद जोशी ने दो टूक कहा कि नागरिकों को बुनियादी सुविधाओं के लिए बार-बार शिकायतें दर्ज करानी पड़ें, यह व्यवस्था की विफलता है। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा लगातार सीवर जाम की शिकायतें बताती हैं कि रूटीन निरीक्षण सही तरीके से नहीं हो रहा। फील्ड में मौजूद रहना कोई विकल्प नहीं, बल्कि आपकी जिम्मेदारी है।
स्थायी समाधान पर जोर
समस्या के दीर्घकालिक समाधान को लेकर पार्षद जोशी ने पब्लिक हेल्थ विभाग के एक्सईएन को निर्देश दिए कि सेक्टर-15 में प्रस्तावित अतिरिक्त सीवर लाइनों से संबंधित टेंडर प्रक्रिया और तकनीकी योजना की विस्तृत रिपोर्ट जल्द प्रस्तुत की जाए। उन्होंने कहा कि बार-बार की चोकिंग और सीवर ओवरफ्लो से न सिर्फ जनस्वास्थ्य पर खतरा है, बल्कि स्वच्छता व्यवस्था भी प्रभावित हो रही है।
स्थानीय लोगों ने जताया भरोसा
निरीक्षण के दौरान मौके पर मौजूद स्थानीय निवासियों और दुकानदारों ने पार्षद के अचानक पहुंचे निरीक्षण की सराहना की। लोगों का कहना था कि ऐसे मौके पर किए गए निरीक्षण से अधिकारियों की जवाबदेही तय होती है और आम जनता को यह भरोसा मिलता है कि उनकी समस्याओं को गंभीरता से लिया जा रहा है।
‘जीरो टॉलरेंस’ की चेतावनी
पार्षद सौरभ जोशी ने दोहराया कि नागरिक सुविधाओं में लापरवाही किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि जनस्वास्थ्य, स्वच्छता और नागरिकों की गरिमा से समझौता नहीं होगा और वार्ड नंबर-12 को नजरअंदाज करने की सोच अब नहीं चलेगी। यह औचक निरीक्षण नगर निगम प्रशासन के लिए एक साफ संदेश माना जा रहा है कि सेक्टर-15 की समस्याओं पर अब सख्त कार्रवाई तय है।