लुधियाना, 25 मार्च। चुनावी सरगर्मियों के बीच शहर की सियासत में बुधवार को बड़ा विवाद सामने आया, जब स्थानीय जनता के एक लीडर पर नगर निगम की बिल्डिंग ब्रांच के एटीपी अधिकारी के साथ अभद्र व्यवहार और सरकारी कार्रवाई में दखल देने के आरोप लगे।
सूत्रों के अनुसार, इलाके में एक अवैध निर्माण को सील किए जाने पर उक्त जनता के लीडर कथित रूप से भड़क उठे। आरोप है कि उन्होंने न केवल मौके पर पहुंचकर सील तोड़ दी, बल्कि ड्यूटी पर तैनात एटीपी अधिकारी के लिए आपत्तिजनक शब्दों का इस्तेमाल किया। इस घटनाक्रम से निगम अधिकारियों में रोष फैल गया और इसे सरकारी काम में सीधा हस्तक्षेप माना जा रहा है।
मामले की जानकारी उच्च अधिकारियों और मंत्री स्तर तक पहुंचने के बाद सियासी हलकों में हलचल तेज हो गई है। चर्चा है कि एटीपी ने पूरे घटनाक्रम की लिखित शिकायत हाईकमान को भेज दी है। सूत्रों के मुताबिक, प्रशासनिक अधिकारियों के मनोबल को बनाए रखने के लिए पार्टी नेतृत्व इस मामले में सख्त रुख अपनाते हुए आरोपी राजनेता के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवाने पर विचार कर रहा है।
दिलचस्प यह है कि जनता के संबंधित लीडर फिलहाल किसी आधिकारिक पद पर नहीं हैं, ऐसे में उन्होंने किस बाहुबली की शह पर ऐसे कदमों को अंजाम दिया , जनता के इस लीडर पर कई सवाल उठ रहे हैं। वहीं, देर शाम मामला बढ़ता देख सुलह के प्रयासों की भी चर्चा रही। अब नजरें गुरुवार के घटनाक्रम पर टिकी हैं।