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पंजाब/ यूटर्न/19 मार्च। लंबे समय से किसानों की मांगों को न मानने और खानौरी तथा शंभू बॉर्डर पर शांतिपूर्ण धरने दे रहे किसानों को जबरदस्ती हटाने तथा उनके समान और अस्तित्व को नुकसान पहुंचाने के विरोध में, जिला प्रबंधकीय परिसर फतेहगढ़ साहिब के सामने शेर-ए-पंजाब किसान यूनियन ने विरोध प्रदर्शन किया और पंजाब सरकार का पुतला दहन किया। इस मौके पर शेर-ए-पंजाब किसान यूनियन के प्रांत अध्यक्ष बलदेव सिंह ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकारें आपसी साजिश के तहत किसानों के साथ बेहद बेरहमी से पेश आ रही हैं। उन्होंने बताया कि गुरुवार को राजस्थान की सीमा पर स्थित खानौरी, शंभू और रतनपुरा में किसानों ने शांतिपूर्ण धरना दिया था, लेकिन उन्हें अब तक न्याय नहीं मिला। बलदेव सिंह ने कहा कि हाल ही में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह द्वारा मोगा में की गई रैली केवल पंजाबियों को गुमराह करने का प्रयास थी। इस दौरान पंजाब के ज्वलंत मुद्दे जैसे MSP गारंटी और अन्य मांगें पूरी तरह नजरअंदाज की गईं। उनका कहना था कि अमित शाह का पंजाब दौरा केवल वोटों की राजनीति और भाषणों तक सीमित था, जिसमें किसानों की समस्याओं को कोई महत्व नहीं दिया गया।