अजीत झा.
चंडीगढ़ 28 Feb : डोर टू डोर गार्बेज कलेक्टर यूनियन के प्रधान धर्मवीर राणा एवं चंडीगढ़ के सभी गार्बेज कलेक्टरों ने पिछले चार वर्षों से लंबित पड़े एमओयू पर म्युनिसिपल कॉरपोरेशन द्वारा हस्ताक्षर किए जाने के उपलक्ष्य में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष जितेंद्र पाल मल्होत्रा तथा सैनिटेशन कमेटी के अध्यक्ष मनोज सोनकर का पुष्प गुच्छ भेंट कर आभार व्यक्त किया।
इस अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में बड़ी संख्या में गार्बेज कलेक्टर उपस्थित रहे। सभी ने एक स्वर में कहा कि यह क्षण उनके लिए अत्यंत महत्वपूर्ण और भावनात्मक है, क्योंकि लंबे समय से वे अपने अधिकारों और आर्थिक सुरक्षा को लेकर अनिश्चितता की स्थिति में थे। पिछले चार वर्षों से एमओयू लंबित रहने के कारण गार्बेज कलेक्टरों को कई प्रकार की प्रशासनिक और आर्थिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा था।
प्रधान धर्मवीर राणा ने अपने संबोधन में कहा कि गार्बेज कलेक्टर शहर की स्वच्छता व्यवस्था की रीढ़ हैं और दिन-रात मेहनत कर चंडीगढ़ को साफ-सुथरा रखने में योगदान देते हैं। ऐसे में उनका एमओयू लंबित रहना उनके मनोबल को प्रभावित कर रहा था। उन्होंने कहा कि भाजपा प्रदेश अध्यक्ष जितेंद्र पाल मल्होत्रा ने गार्बेज कलेक्टरों की समस्याओं को गंभीरता से सुना और उनकी आर्थिक स्थिति को समझते हुए संबंधित अधिकारियों से संवाद कर इस एमओयू को साइन करवाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
गार्बेज कलेक्टरों ने भावुक होकर कहा कि वे दिल से दुआ करते हैं कि नेतृत्व इसी प्रकार श्रमिक वर्ग की आवाज़ को मजबूती देता रहे। उन्होंने कहा कि यह केवल एक प्रशासनिक प्रक्रिया नहीं, बल्कि हजारों परिवारों की आर्थिक स्थिरता और भविष्य की सुरक्षा से जुड़ा हुआ विषय था। एमओयू साइन होने से अब उन्हें अपने कार्य, पारिश्रमिक और जिम्मेदारियों को लेकर स्पष्टता मिलेगी, जिससे वे और अधिक समर्पण के साथ कार्य कर सकेंगे।
सैनिटेशन कमेटी के अध्यक्ष मनोज सोनकर की भी भूमिका की सराहना करते हुए यूनियन ने कहा कि स्वच्छता कर्मचारियों के हितों की रक्षा के लिए निरंतर प्रयास किए गए, जिसका सकारात्मक परिणाम आज सबके सामने है।
कार्यक्रम के अंत में सभी गार्बेज कलेक्टरों ने एकजुटता का संदेश देते हुए कहा कि वे शहर की स्वच्छता को बनाए रखने के लिए पूरी निष्ठा और ईमानदारी से कार्य करते रहेंगे। यह अवसर न केवल उनके संघर्ष की जीत है, बल्कि श्रमिक एकता और सकारात्मक नेतृत्व का भी उदाहरण है।